डाक घर निर्यात केंद्र: छोटे बिज़नेस इंडिया पोस्ट से एक्सपोर्ट कैसे करें
डाक घर निर्यात केंद्र (DNK) ऐसा पोस्ट ऑफिस है जहाँ एक्सपोर्ट पार्सल बुक होते हैं और कस्टम्स का कागज़ी काम ऑनलाइन हो जाता है। अगर आपके पास IEC और GSTIN है, तो आप DNK पोर्टल पर रजिस्टर करके Postal Bill of Export फ़ाइल कर सकते हैं, पार्सल DNK पर सौंप सकते हैं और विदेश तक उसे ट्रैक कर सकते हैं, बीच में किसी कूरियर एजेंट के बिना।
एक्सपोर्ट पार्सल भेज चुके हैं?
DNK बुकिंग रसीद पर लिखा article number डालिए और देखिए वह इस वक़्त कहाँ है।
सीधा जवाब: DNK की मदद से जयपुर, कोहिमा या उदयपुर का कोई छोटा विक्रेता बड़े शहर के कूरियर हब की जगह पास के पोस्ट ऑफिस से विदेश सामान भेज सकता है। आप ऑनलाइन बुक करते हैं, पोर्टल आपका Postal Bill of Export (PBE) बनाता है, कस्टम्स उसे इलेक्ट्रॉनिक तरीके से क्लियर करता है, और पोस्ट ऑफिस पार्सल को Foreign Post Office के लिए मेल बैग में बंद कर देता है। आपको किसी कस्टम्स ब्रोकर की ज़रूरत नहीं पड़ती।
जनवरी 2026 में डाक विभाग ने बताया कि पूरे भारत में 1,013 DNK चालू थे। यह योजना इंडिया पोस्ट और केंद्रीय अप्रत्यक्ष कर एवं सीमा शुल्क बोर्ड (CBIC) मिलकर चलाते हैं। यह hub-and-spoke मॉडल पर काम करती है: 28 Foreign Post Office हब हैं और DNK उनके spoke।
2026 में तीन बड़े बदलाव आए। 15 जनवरी 2026 से डाक से हुए एक्सपोर्ट पर Duty Drawback, RoDTEP और RoSCTL क्लेम किए जा सकते हैं। 1 जनवरी 2026 से small packet में सामान विदेश नहीं जाता। और DNK पोर्टल इंडिया पोस्ट के नए self-service प्लेटफ़ॉर्म पर आ गया है। नीचे के सेक्शन हर स्टेप को क्रम से समझाते हैं।
डाक घर निर्यात केंद्र असल में क्या करता है
DNK को एक आम पोस्ट ऑफिस काउंटर समझिए जिसे एक्सपोर्ट के लिए तैयार किया गया है। इंडिया पोस्ट इसे पूरे काम के लिए single window बताता है। इसमें ये शामिल हैं:
ऑनलाइन एक्सपोर्ट कागज़ात
Postal Bill of Export DNK पोर्टल से इलेक्ट्रॉनिक तरीके से फ़ाइल होता है। न कागज़ी फ़ॉर्म चाहिए, न एजेंट।
Faceless कस्टम्स क्लियरेंस
कस्टम्स बिल को इलेक्ट्रॉनिक तरीके से मंज़ूर करता है। आपको किसी मेट्रो शहर के Foreign Post Office तक नहीं जाना पड़ता।
पैकिंग और पिकअप
कुछ DNK में पैकिंग मशीन और पैकिंग सामग्री होती है। पिकअप इस पर निर्भर करता है कि आप कितना भेजते हैं, इसलिए अपने DNK से पूछ लें।
शुरू से आख़िर तक tracking
हर एक्सपोर्ट आइटम को एक article number मिलता है, जिससे आप बुकिंग से लेकर विदेश में डिलीवरी तक उसे ट्रैक कर सकते हैं।
DNK कौन इस्तेमाल कर सकता है (और किसे ज़रूरत नहीं)
सरकार ने DNK को MSME, कारीगरों, start-up और छोटे एक्सपोर्टर्स के लिए बनाया है, जिनमें दूर-दराज़ और कम सुविधा वाले इलाकों के लोग भी शामिल हैं। ये वे लोग हैं जो कम और मध्यम क़ीमत के कंसाइनमेंट विदेश भेजते हैं: जर्मनी के किसी खरीदार को हैंडलूम स्टोल, अमेरिका के ग्राहक को मसाले, या Etsy ऑर्डर के लिए पीतल का सामान।
DNK पोर्टल आपको commercial ग्राहक मानता है। इसीलिए वह IEC और GSTIN माँगता है। अगर आप विदेश में किसी रिश्तेदार को सिर्फ़ गिफ़्ट या निजी सामान भेजना चाहते हैं, तो आपको DNK की ज़रूरत नहीं है। किसी भी पोस्ट ऑफिस काउंटर पर international Speed Post (EMS) या पार्सल बुक कर दीजिए।
आसान नियम: अगर आप सामान बेच रहे हैं और चाहते हैं कि एक्सपोर्ट रिकॉर्ड में दर्ज हो, GST रिफ़ंड या एक्सपोर्ट इंसेंटिव के लिए, तो DNK इस्तेमाल करें। अगर एक बार का निजी गिफ़्ट है, तो साधारण international काउंटर ज़्यादा आसान है।
रजिस्टर करने से पहले ज़रूरी दस्तावेज़
पहले ये तैयार कर लीजिए। पोर्टल इन्हें जाँचता है, और जब तक जाँच पूरी न हो, बुकिंग बंद रहती है।
| दस्तावेज़ | ज़रूरी? | कहाँ से मिलता है / ध्यान दें |
|---|---|---|
| IEC (Importer-Exporter Code) | अनिवार्य | 10 अक्षर, DGFT ऑनलाइन जारी करता है। नए IEC की फ़ीस ₹500 है। आपका नाम, पता और PAN DGFT के रिकॉर्ड से लिया जाता है। |
| GSTIN | अनिवार्य | 15 अक्षर। इसे आप अपनी business profile में डालते हैं। |
| AD Code | पोर्टल पर वैकल्पिक | 14 अक्षर, आपके बैंक से मिलता है। अगर IGST रिफ़ंड या इंसेंटिव अपने खाते में चाहते हैं तो यह काम आएगा। |
| LUT या Bond | वैकल्पिक | LUT GST विभाग से मिलता है और हर वित्त वर्ष के लिए जारी होता है। हर अप्रैल में पोर्टल पर इसे अपडेट करें। |
| ICEGATE रजिस्ट्रेशन और बैंक खाता | सिर्फ़ इंसेंटिव के लिए | Drawback, RoDTEP या RoSCTL इलेक्ट्रॉनिक तरीके से क्लेम करने के लिए ज़रूरी। बैंक डिटेल DNK पोर्टल वाली डिटेल से मेल खानी चाहिए। |
| Aadhaar, एक्सपोर्ट लाइसेंस, अन्य | वैकल्पिक | KYC में "Others" के तहत अपलोड किए जा सकते हैं |
सबसे आम रुकावट: पोर्टल आपके IEC को DGFT से मिलाकर देखता है। अगर IEC suspended या cancelled है, तो जब तक DGFT उसे फिर से active न दिखाए, बुकिंग बंद रहती है। DGFT चाहता है कि आप हर साल अप्रैल से जून के बीच अपना IEC अपडेट करें, भले ही कुछ न बदला हो। यह छूट गया तो IEC deactivate हो जाता है। रजिस्टर करने से पहले DGFT की साइट पर उसका स्टेटस देख लें।
DNK पोर्टल पर रजिस्टर कैसे करें: स्टेप बाय स्टेप
एक बात जो कई गाइड नहीं बतातीं: इंडिया पोस्ट के होमपेज पर अब दो DNK पोर्टल दिखते हैं। नया पोर्टल इंडिया पोस्ट के customer self-service प्लेटफ़ॉर्म app.indiapost.gov.in/customer-selfservice पर है। पुराने पोर्टल dnk.cept.gov.in पर अब "Old" लिखा है। CBIC के जनवरी 2026 के सर्कुलर ने भी DNK का पता बदलकर नया कर दिया है। इसलिए नए पोर्टल से शुरू करें। नीचे के स्टेप इंडिया पोस्ट की DNK customer portal SOP पर आधारित हैं। नए पोर्टल की स्क्रीन थोड़ी अलग दिख सकती हैं, लेकिन माँगी वही चीज़ें जाएंगी।
अपना लॉगिन बनाएं
पोर्टल को Chrome, Firefox या Edge में खोलें और Register चुनें। SOP के मुताबिक ये चाहिए:
- छोटे अक्षरों (lowercase) में एक user ID (8 से 15 अक्षर)
- एक चालू ईमेल पता और 10 अंकों का मोबाइल नंबर। मोबाइल पर OTP आता है।
- 8 से 15 अक्षरों का पासवर्ड, जिसमें एक बड़ा अक्षर, एक छोटा अक्षर, एक अंक और एक special character हो
अपनी business profile भरें
अपना IEC और GSTIN डालें, और अगर हों तो AD Code और LUT भी। पोर्टल DGFT से आपका रजिस्टर्ड नाम और पता ले आता है और उसे default sender address बना देता है। अगर इंडिया पोस्ट के साथ आपका पहले से business contract है, तो आपके खाते से जुड़ते ही वह यहाँ दिखने लगता है। वरना आप retail ग्राहक की तरह भुगतान करते हैं।
KYC अपलोड करें
दस्तावेज़ का प्रकार चुनें, उसका नंबर, जारी करने वाली संस्था और जारी होने की तारीख़ डालें, और स्कैन अपलोड करें। SOP कहती है कि बुकिंग तभी खुलती है जब कम से कम एक अनिवार्य KYC दस्तावेज़, IEC या GSTIN, अपलोड हो जाए। दोनों अपलोड कर देंगे तो बाद में सवाल कम होंगे।
अपने खरीदारों को address book में सेव करें
पोर्टल पर आप भेजने वाले और पाने वाले के पते एक reference name के साथ सेव कर सकते हैं। अगर आपके खरीदार बार-बार ऑर्डर करते हैं, तो एक बार यह कर लीजिए, आगे की हर बुकिंग अपने आप भर जाएगी।
अटक गए? ख़ुद DNK जाइए
पोर्टल में मदद के लिए DNK पोस्ट ऑफिस में पूछिए। लेकिन अगर दिक्कत IEC में ही है, तो उसे सिर्फ़ DGFT ठीक कर सकता है।
DNK से एक्सपोर्ट कैसे होता है: पैक, डिक्लेयर, क्लियर, डिस्पैच, ट्रैक
रजिस्टर होने के बाद हर शिपमेंट इन्हीं पाँच चरणों से गुज़रता है।
पैक करें
सामान को मज़बूती से पैक करें, तैयार पार्सल का वज़न करें और नाप लें। वज़न आप बुकिंग में डालेंगे, और सौंपते समय पोस्ट ऑफिस उसे पार्सल से मिलाकर देखता है। उदाहरण के लिए, नागालैंड के DNK ने 2023 में कहा था कि एक पार्सल 35 kg से ज़्यादा नहीं होना चाहिए, लेकिन हर सर्विस और देश की अपनी सीमा होती है।
डिक्लेयर करें (ऑनलाइन बुकिंग)
पोर्टल पर आइटम बुक करें: सर्विस चुनें, खरीदार का पता डालें, सामान का विवरण लिखें, उसकी क़ीमत और इनवॉइस की डिटेल दें। इससे आपका Postal Bill of Export बनता है। कस्टम्स प्रक्रिया में e-commerce एक्सपोर्ट के लिए PBE-III और बाक़ी डाक एक्सपोर्ट के लिए PBE-IV बताया गया है। बुकिंग का प्रिंट निकाल लें।
सौंपें और कस्टम्स क्लियर करवाएं
पार्सल और प्रिंटआउट DNK ले जाएं। स्टाफ़ पार्सल को बुकिंग से मिलाता है, और कोई गलती हो तो डिस्पैच से पहले ठीक कर दी जाती है, जिससे बाद में कस्टम्स के साथ परेशानी नहीं होती। कस्टम्स की मंज़ूरी इलेक्ट्रॉनिक तरीके से आती है। आपको किसी कस्टम्स ऑफिस नहीं जाना पड़ता।
डिस्पैच
DNK आइटम को अपने Foreign Post Office के नाम वाले मेल बैग में बंद करता है। उदाहरण के लिए, नागालैंड के DNK अपने बैग सीधे कोलकाता के FPO के लिए बंद करते हैं। FPO से आइटम हवाई जहाज़ से उस देश जाता है।
ट्रैक करें
रसीद पर लिखा article number इस्तेमाल करें। इसे अपने खरीदार के साथ भी शेयर करें, क्योंकि उनकी तरफ़ डिलीवरी वहाँ की डाक सेवा करती है।
विवरण और क़ीमत सही लिखें। "gift" या "goods" नहीं, बल्कि "cotton handloom stole, 2 pieces" और इनवॉइस की असली क़ीमत लिखें। PBE एक कस्टम्स डिक्लेरेशन है, और आपके रिफ़ंड और इंसेंटिव क्लेम इसी से मिलाए जाते हैं। इंडिया पोस्ट अब international पार्सल के लिए कस्टम्स डिक्लेरेशन और KYC भी माँगता है।
कौन-सी सर्विस चुनें, वज़न सीमा और चार्ज
छोटे विक्रेता ज़्यादातर दो सर्विस में से चुनते हैं। वज़न सीमा और रेट देश के हिसाब से बदलते हैं, इसलिए टेबल में बताया गया है कि क्या तय है और क्या आपको ख़ुद देखना होगा।
| सर्विस | किसके लिए सही | हम क्या पक्का कर पाए |
|---|---|---|
| International Tracked Packet Service (ITPS) | छोटे, हल्के e-commerce ऑर्डर | इंडिया पोस्ट के जनवरी 2026 के आदेश में 50 और देश जुड़ने के बाद 135 देशों के लिए उपलब्ध। USA की सीमा 2 kg से बढ़ाकर 5 kg कर दी गई। बाक़ी देशों की अपनी सीमाएँ हैं, इसलिए पैक करने से पहले अपने देश की सीमा देख लें। |
| International Speed Post (EMS) | जल्दी पहुँचने वाले, भारी या ज़्यादा क़ीमत वाले पार्सल | रेट और अधिकतम वज़न देश के हिसाब से बदलते हैं। भुगतान से पहले पोर्टल और DNK काउंटर रेट दिखा देते हैं। |
| International Air Parcel | भारी-भरकम सामान जहाँ स्पीड कम मायने रखती है | नीचे दिए contract डिस्काउंट में गिना जाता है। सीमाएँ देश के हिसाब से बदलती हैं। |
| Small packet (registered या ordinary) | सामान के लिए अब विकल्प नहीं | 1 जनवरी 2026 से बाहर जाने वाले आइटम के लिए बंद। Registration अब सिर्फ़ डॉक्यूमेंट के लिए है, और इंडिया पोस्ट सामान भेजने वालों को ITPS की ओर भेजता है। |
DNK पोर्टल से बुकिंग पर डिस्काउंट
पोर्टल पर ख़ुद बुक करना काउंटर पर बुक करने से सस्ता पड़ता है। डाक विभाग के 12 अक्टूबर 2026 के office memorandum के मुताबिक DNK या self-booking पोर्टल से बुक करने वाले retail ग्राहकों को मौजूदा डिस्काउंट मिलता रहेगा: ITPS पर 2% और EMS पर 1%।
Contract ग्राहकों के लिए यही memorandum 1 नवंबर 2026 से, या जब भी इंडिया पोस्ट के IT सिस्टम तैयार हों, एक नया combined volume डिस्काउंट लाता है। आपकी हर महीने की ITPS, EMS और Air Parcel की कमाई को जोड़ा जाता है। पोर्टल बुकिंग पर base डिस्काउंट के ऊपर 2% अतिरिक्त मिलता है:
| कुल मासिक revenue | Base डिस्काउंट | DNK/self-booking के साथ |
|---|---|---|
| ₹25,000 तक | 0% | 2% |
| ₹25,001 – ₹1 लाख | 4% | 6% |
| ₹1 लाख – ₹2 लाख | 6% | 8% |
| ₹2 लाख – ₹5 लाख | 9% | 11% |
| ₹5 लाख – ₹20 लाख | 12% | 14% |
| ₹20 लाख – ₹50 लाख | 14% | 16% |
| ₹50 लाख से ज़्यादा | 18% से 28% | 20% से 30% |
डिस्काउंट टैक्स से पहले की कमाई पर गिना जाता है। हर स्लैब की ऊपरी रक़म उसी स्लैब में आती है, यानी ठीक ₹1,00,000 वाला 4% स्लैब में गिना जाएगा। अगर आप नियमित भेजते हैं, तो अपने DNK से business contract के बारे में पूछिए। महीने में ₹25,000 से कम पर भी contract ग्राहक की पोर्टल बुकिंग पर 2% मिलता है।
2026 में नया: डाक एक्सपोर्ट पर Duty Drawback, RoDTEP और RoSCTL
जनवरी तक पोस्ट ऑफिस वाले रास्ते में एक कमी थी। IGST रिफ़ंड तो मिल जाता था (सितंबर 2024 से ऑटोमेटिक), लेकिन बाक़ी एक्सपोर्ट इंसेंटिव सिर्फ़ कूरियर या कार्गो से भेजे गए शिपमेंट पर मिलते थे। यह 15 जनवरी 2026 को बदल गया। CBIC ने Notification No. 07/2026-Customs (N.T.) से Postal Export (Electronic Declaration and Processing) Regulations, 2022 में संशोधन किया, और उसी दिन Circular No. 01/2026-Customs जारी किया।
DNK और Foreign Post Office से होने वाले योग्य डाक एक्सपोर्ट अब ये क्लेम कर सकते हैं:
Duty Drawback
एक्सपोर्ट किए गए सामान को बनाने में लगे कच्चे माल पर चुकाई गई कस्टम्स और एक्साइज़ ड्यूटी का रिफ़ंड
RoDTEP
Remission of Duties and Taxes on Exported Products, जो उन छिपे हुए टैक्स को लौटाता है जिनका रिफ़ंड किसी और तरीके से नहीं मिलता
RoSCTL
Rebate of State and Central Taxes and Levies, कपड़ों (apparel) और made-up टेक्सटाइल के लिए
इलेक्ट्रॉनिक तरीके से क्लेम करने के लिए आपको ये करना होगा: ICEGATE पर रजिस्टर करें, वहाँ अपना बैंक खाता जोड़ें ताकि वह DNK पोर्टल से मेल खाए, अपने PBE-III या PBE-IV की अतिरिक्त टेबल में स्कीम चुनें, और हर बिल के सहायक दस्तावेज़ e-Sanchit पर अपलोड करें। कागज़ी (non-electronic) drawback क्लेम पुरानी प्रक्रिया से ही होते हैं।
स्कीम बुकिंग के समय ही चुननी होगी। यह चुनाव PBE पर ही, पार्सल निकलने से पहले करें। रेट हर प्रोडक्ट के लिए (tariff line के हिसाब से) अलग होते हैं, इसलिए पहले Drawback schedule या RoDTEP schedule में अपना रेट देख लें। पक्का न हो तो आपकी Export Promotion Council या आपके FPO को संभालने वाला Customs ऑफिस मदद कर सकता है।
2026 के और बदलाव जो एक्सपोर्टर्स को पता होने चाहिए
- भेजा हुआ एक्सपोर्ट आइटम अब वापस मंगवा सकते हैं। Post Office (Fourth Amendment) Regulations, 2026, जो 15 जुलाई 2026 से लागू हैं, भेजने वाले को बुकिंग ऑफिस से किसी accountable outward international आइटम को recall करने देते हैं। अर्ज़ी पोस्ट ऑफिस में लिखकर दें। Recall की कोई फ़ीस नहीं है। आइटम भारत से निकल जाने के बाद recall विदेशी डाक सेवा की नीति पर निर्भर करता है। यह तब काम आता है जब खरीदार ऑर्डर कैंसिल कर दे या आपको गलत पता दिख जाए।
- Self-booking कैंसिल करना। इसी संशोधन के मुताबिक पोर्टल या ऐप पर ख़ुद बुक किए गए आइटम पोस्ट ऑफिस के स्वीकार करने से पहले कैंसिल किए जा सकते हैं। रिफ़ंड इंडिया पोस्ट के प्रशासनिक नियमों के हिसाब से होता है।
- सामान के लिए small packet अब नहीं। 1 जनवरी 2026 से विदेश जाने वाला सामान ITPS, EMS या पार्सल से जाता है।
- International आइटम के लिए KYC। इंडिया पोस्ट ने मार्च 2026 में संसद को बताया कि international आइटम के लिए self-attested ID proof अनिवार्य है, और international पार्सल के लिए कस्टम्स डिक्लेरेशन और KYC अनिवार्य हैं।
अपना सबसे नज़दीकी DNK कैसे ढूँढें
DNK आम तौर पर head post office या चुने हुए sub post office होते हैं। उदाहरण के लिए, नागालैंड में 2023 की सूची में Kohima HPO, दीमापुर, मोकोकचुंग और फ़ेक शामिल थे।
हमें DNK ढूँढने का कोई सार्वजनिक सर्च टूल नहीं मिला, इसलिए ऐसे पता करें:
- अपने नज़दीकी head post office में पूछिए। वहाँ का स्टाफ़ जानता है कि डिवीज़न के कौन-से ऑफिस DNK हैं।
- इंडिया पोस्ट की हेल्पलाइन 1800 266 6868 (सुबह 8 से रात 8 बजे) पर कॉल करके अपने ज़िले का DNK पूछिए।
- अपनी Export Promotion Council के सर्कुलर देखिए। उदाहरण के लिए, Council for Leather Exports ने डाक विभाग से मिली DNK सूची अपने सदस्यों को भेजी है।
जाने से पहले ऑफिस का समय देख लें। हमारी पोस्ट ऑफिस टाइमिंग गाइड में काउंटर का आम समय बताया गया है।
एक्सपोर्ट शिपमेंट को ट्रैक करना
आपकी बुकिंग रसीद पर 13 अक्षरों का international article number होता है। यह दो अक्षरों से शुरू होता है, फिर नौ अंक, और आख़िर में "IN"। भारत में हर स्कैन देखने के लिए इसे हमारे ट्रैकर पर डालें। हमारी consignment number गाइड बताती है कि इस नंबर को कैसे पढ़ें।
भारत में कुछ स्कैन दिखेंगे, जैसे DNK पर बुकिंग और Foreign Post Office से डिस्पैच। उसके बाद अक्सर कुछ समय कोई अपडेट नहीं आता, जब आइटम फ़्लाइट में होता है और दूसरी तरफ़ import कस्टम्स का इंतज़ार कर रहा होता है। यह सामान्य है। जैसे ही वहाँ की डाक सेवा उसे स्कैन करती है, आपका खरीदार वही नंबर अपनी डाक सेवा की वेबसाइट पर इस्तेमाल कर सकता है।
अगर tracking लंबे समय से आगे नहीं बढ़ी, तो पढ़ें Speed Post tracking अपडेट होना क्यों रुक जाता है। अगर आइटम सच में खो गया है, तो हमारी शिकायत गाइड बताती है कि शिकायत कैसे दर्ज करें।
वे गलतियाँ जो पहली बार एक्सपोर्ट करने वालों को रोक देती हैं
IEC अपडेट भूल जाना
अगर अप्रैल से जून वाला अपडेट छूट गया, तो आपका IEC deactivate हो जाता है, और फिर DNK पोर्टल बुकिंग बंद कर देता है। अप्रैल के लिए रिमाइंडर लगा लें।
बैंक डिटेल का मेल न खाना
IGST रिफ़ंड और इंसेंटिव ICEGATE से जुड़े खाते में जाते हैं। अगर वह DNK पोर्टल वाले खाते से मेल नहीं खाता, तो आपका पैसा अटक जाता है।
LUT रिन्यू करना भूल जाना
LUT हर वित्त वर्ष के लिए जारी होता है। हर अप्रैल नया LUT फिर से अपलोड करें, वरना बिना IGST चुकाए एक्सपोर्ट करने में दिक्कत होगी।
देश की सीमाओं को अनदेखा करना
3 kg का ITPS पार्सल USA के लिए ठीक है, लेकिन किसी और देश के लिए सीमा से ज़्यादा हो सकता है। पैक करने से पहले जाँच लें, और billable weight कैसे गिना जाता है, यह हमारी वज़न और साइज़ गाइड में देखें।
प्रतिबंधित सामान भेजना
हर देश कुछ सामान पर रोक या पाबंदी लगाता है, और इंडिया पोस्ट भी। काउंटर पर prohibited items की मौजूदा सूची देख लें। तरल पदार्थ, बैटरी, खाने का सामान या दवाइयों जैसी कोई भी असामान्य चीज़ बुक करने से पहले DNK में पूछ लें।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
अब क्या करें
- DGFT पर देख लें कि आपका IEC active है, और अपना GSTIN तैयार रखें।
- नए DNK पोर्टल पर रजिस्टर करें और KYC में अपना IEC और GSTIN अपलोड करें।
- इंसेंटिव चाहिए तो ICEGATE पर रजिस्टर करें और पक्का करें कि बैंक खाता मेल खाता है।
- अपने head post office से सबसे नज़दीकी DNK पूछें, और पहले एक छोटा टेस्ट ऑर्डर भेजें।
- Article number अपने खरीदार के साथ शेयर करें और हमारे ट्रैकर पर उसे फ़ॉलो करें।
अपना India Post शिपमेंट ट्रैक करें
देश और विदेश दोनों तरह के आइटम की मुफ़्त tracking। अपनी रसीद पर लिखा नंबर डालें।
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